06/03/2026
दिल पे जो गुज़री कोई क्या जानेl
ये तो हम या तू जानें या ख़ुदा जाने॥
The Law is the public conscience.
06/03/2026
दिल पे जो गुज़री कोई क्या जानेl
ये तो हम या तू जानें या ख़ुदा जाने॥
08/02/2026
01/02/2026
करम बंधन में बन्ध रहियो, फल की ना तज्जियो आस।
कर्म मानुष का धर्म है, सत् भाखै रविदास।
जाति-जाति में जाति हैं, जो केतन के पात।
रैदास मनुष ना जुड़ सके जब तक जाति न जात।”
15/01/2026
12/01/2026
Driving and dancing
14/06/2025
सोचूँ तो सारी उम्र मोहब्बत में कट गई।
देखूँ तो एक शख़्स भी मेरा नहीं हुआ।।
~~जौन एलिया